समझें क्या है पूरा मामला
नीट परीक्षा में हुई गड़बड़ी के विरोध में छात्रों ने लंबा प्रदर्शन किया था। प्रदर्शन के दौरान कुछ लोगों ने आपत्तिजनक पोस्टर लहराए। इन पोस्टरों की तस्वीरें सोशल मीडिया पर खूब वायरल हुईं।
अब पुलिस इन आपत्तिजनक बैनरों की गहन जांच कर रही है। दोषी पाए जाने वाले लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया जाएगा।
NEET आंदोलन में पोस्टर विवाद
छत्तीसगढ़ में नीट पेपर लीक के विरोध में बड़ा आंदोलन हुआ था। करीब 36 दिनों तक छात्रों का यह प्रदर्शन चला। रायपुर समेत प्रदेश के 33 जिलों में युवाओं ने हिस्सा लिया। केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे के बाद जश्न भी मनाया गया। मगर इस दौरान कुछ ऐसी चीजें हुईं जो अब विवाद में हैं। प्रदर्शन में कुछ बेहद आपत्तिजनक पोस्टर दिखाए गए थे। इन पोस्टरों की फोटो और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गए। इसके बाद पुलिस स्टेशन में शिकायतें दर्ज कराई गईं। पुलिस ने अब मामलों की जांच तेजी से शुरू कर दी है।
पुलिस खंगाल रही सोशल मीडिया
प्रदेश के सभी जिलों में पुलिस अलर्ट मोड पर है। पुलिस अधिकारी सोशल मीडिया रिकॉर्ड खंगाल रहे हैं। पोस्टर लहराने वाले लोगों की पहचान की जा रही है। वीडियो अपलोड करने वालों पर भी नजर रखी जा रही है। गलत सामग्री फैलाने वालों की सूची तैयार हो रही है। जांच पूरी होते ही प्राथमिक दर्ज की जाएगी।
नाबालिगों को थमाए विवादित पोस्टर
रायपुर के कलेक्टोरेट चौक पर प्रदर्शन हुआ था। इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में छात्र शामिल हुए थे। इनमें कई स्कूली छात्र भी मौजूद थे। आरोप है कि नाबालिगों के हाथों में अश्लील पोस्टर थमाए गए। पोस्टरों पर अशोभनीय और गलत बातें लिखी हुई थीं। बिना अनुमति प्रदर्शन करने की बात भी सामने आ रही है।
क्या कहते हैं कानून के जानकार
सार्वजनिक स्थान पर अश्लील प्रदर्शन करना एक बड़ा अपराध है। अभिव्यक्ति की आजादी के नाम पर यह कृत्य गलत है। भारतीय न्याय संहिता यानी बीएनएस (BNS - Bharatiya Nyaya Sanhita) की धारा 294 लागू हो सकती है।
पोस्टर में महिलाओं के प्रति अभद्र चित्रण पर विशेष कानून लागू होगा। इसके लिए स्त्री अशिष्ट रूपण अधिनियम की मदद ली जाएगी। सार्वजनिक शांति भंग करने पर धारा 296 भी लगाई जा सकती है।
आईपी एड्रेस से होगी पहचान
साइबर एक्सपर्ट्स के अनुसार अश्लील कंटेंट शेयर करना कानूनी अपराध है। ऐसे मामलों में आईटी एक्ट (IT Act - Information Technology Act) लागू किया जाता है। धारा 67 और 67ए के तहत कड़ी कार्रवाई हो सकती है।
नाबालिगों से जुड़ी गलत सामग्री होने पर धारा 67बी लागू होगी। साइबर सेल आईपी एड्रेस (IP Address - Internet Protocol Address) के जरिए मूल यूजर तक पहुंचेगी। सामग्री आगे शेयर करने वाले भी आरोपी बनाए जाएंगे।
FAQ
Q. नीट प्रदर्शन विवाद में पुलिस क्या कदम उठा रही है? A. उत्तर: पुलिस सोशल मीडिया के रिकॉर्ड और वीडियो फुटेज की जांच कर रही है। आपत्तिजनक पोस्टर लहराने और शेयर करने वालों पर एफआईआर दर्ज करने की तैयारी है। Q. सार्वजनिक जगह पर आपत्तिजनक पोस्टर दिखाने पर कौन सी धारा लगती है? A. उत्तर: सार्वजनिक स्थान पर अश्लीलता फैलाने पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 294 और 296 लागू हो सकती है। इसके अलावा स्त्री अशिष्ट रूपण प्रतिषेध अधिनियम के तहत भी कार्रवाई हो सकती है। Q. सोशल मीडिया पर फोटो-वीडियो शेयर करने वालों को पुलिस कैसे पकड़ेगी? A. उत्तर: साइबर सेल आईपी एड्रेस (IP Address) और सोशल मीडिया रिकॉर्ड्स की मदद ले रही है। इससे मूल अपलोडर और मैसेज फॉरवर्ड करने वालों की पहचान की जाएगी।
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