NEWS IN SHORT
- नए नियम के तहत प्लास्टिक बोतल में शराब की बिक्री की शुरुआत की।
- रायपुर में शोले और शेरा ब्रांड की शराब की पहली खेप आई है।
- कांच बोतल वाले पुराने स्टॉक का अब महज 1-2 दिन का बचा है।
- यदि सप्लाई नहीं आई, तो दुकानों में शराब की कमी हो सकती है।
- पहले खेप में 2400 पेटी शराब पहुंची, सप्लाई शुरू हो चुकी है।
NEWS IN DETAIL
आबकारी विभाग ने नए नियम के तहत अब देशी और चीप रेंज की शराब को कांच की बोतल की बजाय प्लास्टिक बोतल में बेचे जाने का आदेश दिया है। यह नियम एक अप्रैल से लागू हो चुका है, लेकिन अब तक सिर्फ दो कंपनियां ही इस बदलाव के तहत शराब की आपूर्ति कर पाई हैं। हाल ही में, रायपुर जिले में शोले और शेरा ब्रांड की पहली खेप प्लास्टिक बोतल में आ चुकी है।
यह खेप उन दुकानों तक पहुंची है जहां पुराना स्टॉक खत्म होने वाला था। आबकारी विभाग के अधिकारियों के अनुसार, अब पुराने स्टॉक का समय समाप्त हो चुका है और अगले कुछ दिनों में सभी दुकानों पर केवल प्लास्टिक बोतल वाली शराब ही उपलब्ध होगी।
आबकारी विभाग का बयान
आबकारी विभाग के जिला अधिकारी राजेश शर्मा ने बताया कि प्लास्टिक बोतल में शराब की सप्लाई पूरी तरह से शुरू हो गई है। उन्होंने कहा, "देशी शराब की सप्लाई करने वाली दो कंपनियों से पहली खेप आ चुकी है। जैसे-जैसे और सप्लाई आएगी, वैसे-वैसे दुकानों में भंडारण कराया जाएगा।"
पुराना स्टॉक और सप्लाई की स्थिति
रायपुर जिले में पुरानी शराब का स्टॉक अब लगभग खत्म हो चुका है। रिपोर्ट के अनुसार, जिले में रोजाना लगभग 6,000 पेटी चीप रेंज की शराब और 3,000 पेटी देशी शराब की खपत होती है। ऐसे में अगर कंपनियों की ओर से समय पर प्लास्टिक बोतल में शराब की सप्लाई नहीं की जाती, तो दुकानों में शराब की कमी हो सकती है।
पहले खेप की सप्लाई
पहली खेप में रायपुर जिले में शराब की 2400 पेटियां पहुंची हैं, जिसमें शोले प्लेन और शेरा देशी मसाला ब्रांड की शराब शामिल हैं। इन दोनों ब्रांड की शराब की आपूर्ति अब दुकानों में शुरू हो गई है, जहां पहले से पुराने कांच की बोतल वाली शराब का स्टॉक खत्म हो चुका है।
निष्कर्ष
छत्तीसगढ़ के रायपुर में आबकारी विभाग के नए नियम के तहत अब देशी और चीप रेंज की शराब केवल प्लास्टिक बोतल में बिकेगी। पुरानी कांच की बोतल वाली शराब का स्टॉक खत्म हो चुका है, और अब सभी दुकानों में प्लास्टिक बोतल में शराब की सप्लाई शुरू हो गई है। यदि सप्लाई में कोई देरी हुई, तो दुकानों में शराब की कमी हो सकती है।
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