Middle East Conflict: मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव और कच्चे तेल-गैस की कीमतों में उछाल के बीच सरकार ने बड़ा कदम उठाया है. एलपीजी (LPG) पर निर्भरता कम करने के लिए सरकार अब इंडक्शन हीटर्स (Induction Heaters) जैसे इलेक्ट्रिक विकल्पों को बढ़ावा देने की तैयारी में जुट गई है, ताकि संभावित ऊर्जा संकट का असर आम लोगों पर कम से कम पड़े.
ज़ी बिजनेस के सीनियर स्पेशल कॉरेस्पॉन्डेंट अंबरीश पांडेय के मुताबिक, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भविष्य को भांपते हुए आज ही योजना बनाने के निर्देश के बाद वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय (DPIIT) ने उत्पादन बढ़ाने के लिए हाई-लेवल बैठक की है ताकि युद्ध लंबा खिंचने पर देश में ऊर्जा संकट न खड़ा हो.
सरकार अचानक इंडक्शन हीटर पर जोर क्यों दे रही है?
भारत अपनी जरूरत का एक बड़ा हिस्सा क्रूड ऑयल और एलपीजी (LPG) खाड़ी देशों से आयात करता है. मिडल ईस्ट में युद्ध के कारण सप्लाई चैन बाधित होने और गैस की कीमतें बढ़ने का खतरा है. ऐसे में इंडक्शन को अपनाना घरेलू ऊर्जा खर्च को नियंत्रित करने का सबसे बड़ा हथियार है.
क्या फैसला लिया गया है?
केंद्र सरकार ने इंडक्शन हीटर और उससे जुड़े प्रोडक्ट्स के घरेलू उत्पादन को तेज करने का फैसला किया है. इसके लिए=-
- उद्योग मंत्रालय (DPIIT) ने हाई-लेवल मीटिंग बुलाई
- अलग-अलग मंत्रालयों के अधिकारी शामिल हुए
- पूरी सप्लाई चेन को मजबूत करने पर चर्चा हुई
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इस कदम की जरूरत क्यों पड़ी?
वजह साफ है-
वेस्ट एशिया में युद्ध जैसे हालात
कच्चे तेल और LPG की कीमतों में उछाल
भारत की भारी इम्पोर्ट निर्भरता
अगर संकट लंबा चला-
- गैस महंगी होगी
- सप्लाई प्रभावित हो सकती है
इंडक्शन हीटर ही क्यों?
- क्योंकि यह बिजली से चलता है, इसलिए गैस नहीं चाहिए.
- कुकिंग सस्ती और सुरक्षित है.
- आयातित LPG पर निर्भरता कम होगी.

PNG और LPG के लिए भी नया 'सपोर्ट सिस्टम'
क्या गैस की सप्लाई सुधारने के लिए भी कोई कदम उठाए गए हैं?
हां, पेट्रोलियम मंत्रालय अब पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) कनेक्शन के विस्तार पर तेजी से काम कर रहा है. सरकार का मानना है कि पीएनजी बढ़ने से एलपीजी सिलेंडरों पर दबाव कम होगा.
इसका आम आदमी पर क्या असर पड़ेगा?
अगर आप कंज्यूमर हैं तो इंडक्शन हीटर सस्ता और ज्यादा उपलब्ध हो सकता है. गैस की कीमतों से राहत मिल सकती है.
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आपके लिए इसका क्या मतलब है?
आने वाले समय में बाजार में किफायती और आधुनिक इंडक्शन हीटर्स की उपलब्धता बढ़ेगी. अगर आप रसोई के बजट को लेकर चिंतित हैं, तो पीएनजी कनेक्शन लेना या इंडक्शन कुकिंग पर शिफ्ट होना एक स्मार्ट कदम हो सकता है. इससे न केवल गैस सिलेंडरों की किल्लत से राहत मिलेगी, बल्कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में बढ़ती तेल की कीमतों का सीधा असर भी आपकी जेब पर कम होगा.
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क्यों जरूरी है यह तैयारी?
सरकार का मानना है कि यदि युद्ध कुछ और महीनों तक जारी रहता है, तो वैश्विक बाजार में तेल और गैस की कमी हो सकती है. 'तैयारी आज ही' की नीति के तहत सरकार चाहती है कि भारतीय नागरिक धीरे-धीरे इलेक्ट्रिक कुकिंग की ओर बढ़ें ताकि आयातित ईंधन पर निर्भरता कम हो सके.
आर्टिकल से जुड़े महत्वपूर्ण सवाल (FAQs)
Q1. क्या LPG खत्म होने वाला है?
नहीं, लेकिन दबाव बढ़ सकता है.
Q2. क्या इंडक्शन हीटर अनिवार्य हो जाएगा?
नहीं, लेकिन विकल्प के रूप में बढ़ावा मिलेगा.
Q3. PNG क्यों जरूरी है?
यह LPG का अच्छा विकल्प है.
Q4. क्या इससे बिजली की मांग बढ़ेगी?
हां, लेकिन यह प्लानिंग के साथ मैनेज किया जाएगा.
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