चुड़ैलों की सेना ने अर्जेंटीना को जिताया, जादूगरनियों के दम पर मेसी ने फाइनल कैसे जीता? जानिए
फीफा वर्ल्ड कप फुटबॉल फाइनल मैच में अर्जेटीना और फ्रांस के बीच सांसें रोक देने वाला फाइनल मैच रविवार रात खेला गया और आखिरी वक्त तक कौन जीतेगा, इसका पता किसी को नहीं था।
दोनों टीमों ने जीत हासिल करने के लिए एड़ी- चोटी का जोर लगा दिया।
न्यूयॉर्क टाइम्स के मुताबिक जादूगरनी मैगली मार्टिनेज को पता था। उसे लग रहा था, कि अजेय स्टार लियोनेल मेसी फुटबॉल पिच पर खुद से ही हाथापाई कर रहे थे।
उन्हें ऐसा लग रहा था, कि मेसी किसी अभिशाप से पीड़ित थे और वो बुरी नजरों के साये में थे।
मैगली मार्टिनेज ने कहा कि, उसे पता चल गया, कि मेसी के ऊपर काफी शक्तिशाली जादू किया गया है और फिर उसने ट्विटर पर मेसी के सिर से चुड़ैल का साया उतारने के लिए और जादुगरनियों से मदद मांगी।
हाल के हफ्तों में अर्जेंटीना की सैकड़ों जादूगरनी महिलाओं ने अपना गैंग बना लिया था।
ये जादूगरनी महिलाएं अपने आप को ' चुड़ैलों की सेना या ब्रूजा' कहती हैं।
उनका दावा है, कि उन्होंने अर्जेंटीना को जिताने के लिए अपने ' हथियार' उठा लिए थे और उन्होंने काफी शक्तिशाली जादू- टोना करना शुरू कर दिया था।
मेसी की टीम वर्ल्डकप फुटबॉल शुरू होने के बाद सबसे बड़ा उलटफेर उस वक्त हुआ था, जब मेसी की अर्जेंटीना टीम अपने से काफी कमजोर सऊदी अरब की टीम से हार गई थी।
अर्जेंटीना की हार ने पूरी दुनिया को हैरान कर दिया था, जिसे अर्जेंटीना की जादूगरनियों ने विरोधी चुड़ैलों का साया बताया।
ब्यूनस आयर्स की एक जादूगरनी 28 साल की एंड्रिया मैकियल ने कहा, " हम कोठरी चुड़ैल होने से थक गए हैं।"
चुड़ैलों ने कहा कि, उनका मुख्य ध्यान अर्जेंटीना के खिलाड़ियों से नकारात्मक ऊर्जा को अवशोषित करने के लिए अनुष्ठानों का उपयोग करना था, लेकिन वो ऐसा करने में काफी थक जाती थीं।"
न्यूयॉर्क टाइम्स के मुताबिक, जादूगरनियों की कप्तान ने कहा कि, कप्तान मेसी की सुरक्षा पर काफी ज्यादा ध्यान दिया जाता था।
वहीं, जादूगरनियों का एक ग्रुप विरोधी टीम के खिलाड़ियों की शक्ति को कमजोर करने का काम करती थीं, जिनमें सबसे ज्यादा गोलकीपर को फोकस में रखा जाता था।
By Abhijat Shekhar Azad Oneindia source: oneindia.com Dailyhunt